यात्री बस पलटने से दर्जनों घायल, अस्पताल में डॉक्टर लापता

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Utkarshexpress.com अनूपपुर/पुष्पराजगढ़-  एसडीओपी कार्यालय पुष्पराजगढ़ के थाना राजेन्द्रग्राम अंतर्गत आज रीवा अमरकंटक मुख्य मार्ग पर पड़ने वाला ग्राम पिपरहा में सुबह करीब 9 से 10 बजे के करीब एक यात्री बस अनियंत्रित होकर पलट गई जिससे दर्जन भर से ऊपर यात्रियों को गंभीर चोट आई है घटना के बाद 108 एम्बुलेंस व 100 डायल को सूचना दी जिसके बाद घायलों को सामुदायिक स्वास्थ् केंद्र पुष्पराजगढ़ लाया गया जहाँ उनका ईलाज किया जा रहा। जानकारी अनुसार बताया जा रहा कि जो बस दुर्घटना ग्रस्त हुई है वो साबरी कंपनी की है जिसका नम्बर CG 10 2022 जो शहडोल से अमरकंटक जा रही थी। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार बस की रफ्तार काफी तेज थी बस के सामने आवारा पशु आ जाने से चालक अपना नियंत्रण खो बैठा और पशु को बचाने के चक्कर मे खेत मे जा पलटी।  बस एक्सीडेंट के बाद चारो तरफ चीख पुकार मच हुई थी सामुदायिक स्वास्थ् केंद्र पुष्पराजगढ़ में घायल यहाँ वहां डॉक्टरों के आभव में यहां वहां पड़े हुए थे वही देखा गया कि डियूटी टाइम व इमरजेंसी में डॉक्टरो का उपस्थित न होना बेहद ही शर्मनाक था जब डॉक्टर के आने के बाद मरीजो को वार्ड में शिप्ट किया गया तो वहाँ के हालत तो और बद से बत्तर निकले बेडसीटो पर चादर नही थे, इस भीषण गर्मी में अस्पताल में पंखे नही चल रहे थे, कूलर था पर उसमें पानी नही था और तो और सामने कांच की बड़ी बड़ी खिड़कियों में पर्दा तक नही लगा था जो सामने से आती हुई सूरज की तेज किरणों को रोक सके।
इस सड़क दुर्घटना की मुख्य वजह आवारा पशुओं और महीनों से रोड का सोल्डर भरने के लिए सड़क पर पड़े मुरूम को बताया जा रहा है।ना जाने कब तक शासन प्रशासन की नजर इन आवारा घूम रहे पशुओ पर और रोड पर मनमाने तरीके से काम कर रहे ठेकेदार पर लगाम लग पायेगा।क्या इस हादसे के बाद रोड ठेकेदार पर कार्यवाही होगी या फिर आवारा घूम रहे पशु मालिको पर?.........बरहाल देखना होगा शासन प्रशासन की क्या प्रतिक्रिया होती है।क्या नर्मदा सभागार तक ही आदेश सीमित रह जाते है, आदेश के बाद कोई भी सुध नही लेता है?अगर सुध लेते तो शायद ये हादसा आज नही होता।
 हम लोग घण्टो से यहाँ ऐसे ही पड़े है डाक्टर यहां अब तक नही आये है यहाँ बहुत से कमियां है गर्मी से बचने के लिए पंखे भी नही चल रहे कूलर में पानी नही है खिड़की में पर्दे नही इस अस्पताल को स्वयं इलाज की आवश्यकता है।

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