मनोरंजन

छंद छटा (वन्देमातरम) – जसवीर सिंह हलधर

दासता से जूझने को , लिखा गया एक गीत ,
शब्द का सिपाही ख़ास संत्र वन्देमातरम ।

जाति और मज़हबी,बीमारी से मुक्त रखे,
देश की अखंडता का मंत्र वन्देमातरम ।।

संविधान का स्वरूप, छंद में समेटे हुए ,
भारती की भावना का तंत्र वन्देमातरम ।

एक एक अक्षर ने , जी भर पिया है रक्त,
आज़ादी दिलाने वाला यंत्र वन्देमातरम ।।
– जसवीर सिंह हलधर , देहरादून

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button