मनोरंजन
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ग़ज़ल – विनोद निराश
कभी हमसे मुलाकात किजिए, फुर्सत मिले तो बात किजिए। मुद्दत से है मुन्तज़िर तेरे ही, हमारे पहलू में रात…
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हिंदी-बज्जिका साहित्य की सशक्त हस्ताक्षर हैं : प्रो. डॉ. पुष्पा गुप्ता – कुमार संदीप
utkarshexpress.com (मुजफ्फरपुर -बिहार) – हिंदी और बज्जिका साहित्य की प्रतिष्ठित रचनाकार एवं शिक्षाविद् प्रो. डॉ. पुष्पा गुप्ता आज साहित्य जगत…
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करवा चौथ – अशोक यादव
ओ! प्रिय, सुन साजन, सजनी क्या कहती है? तुम्हारे प्यार भरे दिल में, मेरी तस्वीर रहती है।। प्रेम मन में…
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डॉ. सुधीर श्रीवास्तव बहुत ही शानदार अविस्मरणीय विषय पर कृतित्व रचा – एकता गुप्ता ‘काव्या’
utkarshexpress.com – आज भी मंथरा शब्द सुनकर जहां लोग अनगिनत बातें करते हैं वहीं हमारे सम्मानित प्रतिष्ठित नवोदय वैश्विक प्रज्ञान…
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भावभरी शरद पूर्णिमा – कर्नल प्रवीण त्रिपाठी
शरद पूर्णिमा पावनी, धवल चंद्र का राज, बरसेगा नभ से अमिय, पान करें सब आज। रात रुपहली जग रही, यौवन…
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मंचों के सरदार – डॉ. सत्यवान सौरभ
लिखने वाले बढ़ गए, घटते गए विचार। बिन पढ़े ही बन रहे, मंचों के सरदार।। दो पंक्ति फेसबुक लिखी,…
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विजय दशमी – कर्नल प्रवीण त्रिपाठी
नौ दिन के उपवास का, हुआ समापन आज। श्रद्धा और विश्वास से, पूर्ण हुए सब काज। माता फिर से दें…
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अपने होने की पहचान की तलाश है अस्मि – विवेक रंजन श्रीवास्तव
utkarshexpress.com – किसी पुस्तक पर चर्चा करना केवल उसकी कथा सुनाना नहीं होता, उसके भीतर छिपे विचारों, संवेदनाओं और जीवन-दृष्टि…
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आज़ के बदलते रिश्तों का सच (लेख) – रीता गुलाटी
Utkarshexpress.com – रिश्ते कभी अचानक नहीं बदलते, उन्हें बदलने में वक्त लगता है। कभी परिस्थितियाँ उन्हें बदल देती हैं, कभी…
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माँ कात्यायनी – सुनील गुप्ता
( 1 ) माँ कात्यायनी बरसाती हैं कृपा.., भक्तों पे दया !! ( 2 ) अभय मुद्रा देख माँ की…
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