कहानिका आभासी हिंदी पखवाड़ा दिवस कवि सम्मेलन महाराष्ट्र अध्याय हुआ संपन्न

utkarshexpress.com बोकारो (झारखंड) – 21सितंबर 2025 को संध्या 6.00 बजे से कहानिकां हिंदी पत्रिका झारखंड के महाराष्ट्र अध्याय द्वारा हिन्दी पखवाड़ा दिवस पर एक आभासी कवि सम्मेलन गूगल मिट पर किया गया ।
मंच का संचालन शीला तिवारी बोकारो ने किया । मुख्य अतिथि के रूप में सेवा सदन प्रसाद मुंबई, सभा अध्यक्ष दिलीप कुमार कसबे मुंबई, विशिष्ट अतिथि के रूप में जय कृष्ण मिश्रा, अंतर्राष्ट्रीय संयोजक दुबई,सुधीर कुमार श्रीवास्तव केंद्रीय मीडिया प्रभारी और संयोजक सह प्रधान संपादक श्याम कुंवर भारती ने भाग लिया । मुख्य अतिथि श्री सदन ने हिंदी के विकाश और प्रचार प्रसार और साहित्यकारों की भूमिका पर प्रकाश डाला।
सभाध्यक्ष दिलीप कुमार ने हिंदी के उत्थान,पतन और इतिहास के अलावा गुजरे जमाने के साहित्यकारों के योगदान के बारे में विस्तार से बताया।
विशिष्ट अतिथि जय कृष्ण मिश्रा ने दुबई में भारतीय संस्कृति और संस्कारों को जिंदा रखने के अपने प्रयासों के बारे में बताया और कहा कि दुबई में भी हम लोग हिंदी के प्रचार प्रसार में अनवरत प्रयास रात है।
संयोजक सह प्रधान संपादक श्याम कुंवर भारती ने संस्था के पूर्व और भावी कार्यक्रमों के बारे में जानकारी देते हुए कहा कि संस्था हिंदी के प्रचार प्रसार और विस्तार हेतु लगातार साहित्यिक कार्यक्रमों का आयोजन करते आ रही है।
इस कड़ी में देश के कई राज्यों में ऑफलाइन कवि सम्मेलनों का आयोजन किया गया जैसे अयोध्या, हरिद्वार , वाराणसी, इंदौर, मैहर, चित्रकूट,रांची और काठमांडू (नेपाल) में सफल आयोजन किया गया।
उसी कड़ी में 12 अक्टूबर 2025 को जगन्नाथपुरी में,16 नवंबर को पटना बिहार में ,30 नवंबर को मुंबई, महाराष्ट्र में और 14 दिसंबर 2025 को रायपुर छत्तीसगढ़ में कवि सम्मेलन होने जा रहा है। संस्था का प्रथम विदेश में अंतर्राष्ट्रीय कवि सम्मेलन 10 जनवरी 2026 को दुबई में होने जा रहा है।
उसी प्रकार प्रकाशन के क्षेत्र में लगातार एकल और साझा काव्य और गद्य संकलन का प्रकाशन किया जा रहा। जिसमें ऑपरेशन सिंदूर काव्य संकलन का प्रकाशन किया जा रहा है ।
साहित्यिक प्रतियोगिताओं में लघु कथा लेखन ,कहानी लेखन और काव्य पाठ वीडियो प्रतियोगिता का प्रारंभ 22 सितंबर से किया जा रहा है जिसमें देश विदेश के साहित्यकार भाग लेंगे । सभी चयनित प्रतिभागियों को फरवरी 2026 में रांची झारखंड में सम्मानित किया जाएगा।
कवि सम्मेलन में जिन कवियों ने भाग लिया उसमें मुख्य रूप से – डॉ विनीता पाण्डेय विनीत, जबलपुर ,रेखा नेमा सिवनी मध्यप्रदेश, .डॉ.दीप्ति खरे,मंडला (मध्य प्रदेश), डॉ . दीप्ति गौड़ दीप ग्वालियर मध्यप्रदेश.दिवाकर पाठक हजारीबाग,झारखंड,.निर्मला कर्ण,रांची, झारखंड, पुष्पा पाण्डेय,रांची ,झारखंड,कल्पना झा,बोकारो,झारखंड,जय कृष्ण मिश्रा,दुबई, श्याम कुंवर भारती, बोकारो, झारखंड , सुधीर कुमार श्रीवास्तव, बस्ती यूपी,मांगी लाल मरमिट,जयपुर,एमपी,सेवा सदन प्रसाद,मुंबई , महाराष्ट्र दिलीप कसबे, सतारा,महाराष्ट्र,शीला तिवारी, बोकारो झारखखंड ,वंदना श्रीवास्तव,खारगढ़,मुंबई, महाराष्ट्र,कृष्ण कुमार गुप्ता,पुणे महाराष्ट्र, सुनिता अग्रवाल,रांची , झारखण्ड ।
और कार्यक्रम की रूपरेखा कुछ इस प्रकार रही – मंच संचालन शीला तिवारी ,बोकारो, सरस्वती वंदना डॉ.विनीता पाण्डेय विनीत जबलपुर, कवि मॉंगी लाल मरमिट, /वंदना श्रीवास्तव खारगढ़, मुंबई, महाराष्ट्र, विजयपुर(श्योपुर ) म0प्र0 , गणेश वंदना शीला तिवारी,बोकारो, *देवी गीत श्याम कुंवर भारती , स्वागत गीत गुड़िया कुमारी गौतम , मुंबई, *स्वागत भाषण शिला तिवारी बोकारो, धन्यवाद ज्ञापन श्याम कुंवर भारती ने किया।
(शिखा गोस्वामी निहारिका, केंद्रीय सूचना प्रभारी, कहानिका हिन्दी पत्रिका, बोकारो (झारखण्ड) ने भेजा)




