मनोरंजन
धैर्य की जीत – सुनील गुप्ता

( 1 ) धैर्य की जीत
आनंद बरसाए,
आस जगाए !!
( 2 ) प्रभु से प्रीत
जीवन सरसाए,
खिलखिलाए !!
( 3 ) जीवन रीत
सीखना है बढ़ते,
न घबराएं !!
( 4 ) स्वयं में बैठें
आत्माराम से मिलें,
सुकून पाएं !!
( 5 ) सुनीता जीती
बन शक्ति पर्याय,
लौटी हर्षाए !!
– सुनील गुप्ता (सुनीलानंद), जयपुर, राजस्थान




