धर्म
श्रावण माह में शिवार्चन (14)- (श्री घुश्मेश्वर जी, महाराष्ट्र) – कर्नल प्रवीण त्रिपाठी

द्वादश शिव ज्योतिर्लिंगों में, अंतिम हैं घुश्मेश्वर जी।
घुश्मा की श्रद्धा-पूजा से, हर्षित भोले शंकर जी।
पुत्र किया जीवित घुश्मा का, ज्योतिर्लिंग बन बसे वहाँ,
संतति की इच्छा जो रखते, पूर्ण करें घृष्णेश्वर जी।
शिव त्रिशूल से बना सरोवर, जल इसका गुणकारी है।
श्रद्धानत हो करे आचमन, इस जल का नर-नारी है।
चाह बसी संतति की जिसमें, वह आता घुश्मेश्वर में,
गौरीशंकर पूर्ण कराते, चाहत मन की सारी है।
– कर्नल प्रवीण त्रिपाठी, नोएडा, उत्तर प्रदेश




