मनोरंजन
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माँ की डिग्रियाँ – रेखा मित्तल
बिन पूछे ही पढ़ लेती है मेरे दिल का सारा हाल बिन बताए ही जान लेती मेरी भूख का सवाल…
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कोई नहीं मिला इतना वफ़ा – गुरुदीन वर्मा
कोई नहीं मिला इतना वफ़ा, विश्वास जो उसपे करकै। उसको पुकारे आवाज देकर, या फिर बुलाये चिट्ठी लिखकै।। कोई नहीं…
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‘विमला ज्ञान साहित्य मंच’ पर काव्य गोष्ठी एवं काव्य संग्रह ‘विमालांजलि’ का हुआ विमोचन
utkarshexpress.com – माता-पिता/ सास-ससुर की स्मृतियों को जीवंत रखने के उद्देश्य से अंजू श्रीवास्तव/ सुधीर श्रीवास्तव द्वारा स्थापित ‘विमला ज्ञान साहित्य…
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खुद को जाना – ज्योत्सना जोशी
दूसरों को मिलकर उनको कितना जान पाएं हैं यह कहना मुश्किल है लेकिन उनको मिलने के पश्चात स्वयं तक कुछ…
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नींद और जागृति – प्रियंका सौरभ
नींद तो हर रोज़ खुलती है, पर क्या खुलती हैं आँखें सच में? मन के अंधेरों में कहीं छुपी,…
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यादों की छांव में (कहानी) – किशन लाल शर्मा
utkarshexpress.com पुणे – पुणे रेलवे स्टेशन के वेटिंग रूम में रमन बैठा था। वह एक मीटिंग से वापस लौट रहा था।…
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मनीषियों ने भव्य समारोह में डॉ. रामप्रवेश पंडित की ‘वाणी वंदना’ का किया लोकार्पण
utkarshexpress.comऔरंगाबाद – हिन्दी साहित्य भारती के तत्वावधान में आयोजित इसके जिला महामंत्री सह विमला पांडेय मेमोरियल ज्ञान निकेतन विद्यालय के…
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वन्दे मातरम् – सुनील गुप्ता
वन्दे मातरम् है मिट्टी से प्रेम का, एक आह्वान !!1!! है स्वाभिमान हमारे अस्तित्व का, महान गान !!2!! …
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छंद छटा (वन्देमातरम) – जसवीर सिंह हलधर
दासता से जूझने को , लिखा गया एक गीत , शब्द का सिपाही ख़ास संत्र वन्देमातरम । जाति और मज़हबी,बीमारी…
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गीतिक – मधु शुक्ला
अब नया कौटिल्य कोई देश हित में ढूंढ लायें, स्वर्ग सी सुंदर मनोहर निज धरा को हम बनायें । एकता…
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